Monday, July 26, 2021
More

    अमेजोनिया-1 मिशन

    1.  अमेजोनिया-1 (Amazonia-1 satellite) मिशन क्या है?
    भारत के पीएसएलवी (ध्रुवीय उपग्रह प्रक्षेपण यान) सी-51 के द्वारा ब्राजील के अमेजोनिया-1 और 18 अन्य उपग्रहों का 28 फरवरी, 2021 को श्रीहरिकोटा अंतरिक्ष केंद्र से सफल प्रक्षेपण किया गया। यह इसरो का इस वर्ष का पहला मिशन था। पीएसएलवी-सी51 ने सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र के प्रथम लॉन्च पैड से लगभग 10 बजकर 24 मिनट पर उड़ान भरी और सबसे पहले लगभग 17 मिनट बाद प्राथमिक पेलोड अमेजोनिया-1 को कक्षा में स्थापित किया। करीब डेढ़ घंटे के बाद अन्य उपग्रहों को स्थापित किया गया। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के अध्यक्ष के. सिवन ने मिशन के सफल होने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि 2021 के लिए 14 मिशन की योजना बनाई गई है।

    2.  ब्राजील का अमेजोनिया-1 क्या करेगा?
    *  अमेजोनिया-1 ब्राजील का पहला उपग्रह है जिसे भारत से प्रक्षेपित किया जाएगा।
    *  अमेजोनिया-1, चार वर्ष तक सेवा देने वाला ब्राजील निर्मित भू-अवलोकन उपग्रह है।
    *  इसका उद्देश्य उपयोगकर्ताओं को अमेजन क्षेत्र में वनों की कटाई की निगरानी करना है।
    *  यह ब्राजील में कृषि क्षेत्र से संबंधित अलग-अलग विश्लेषणों के लिए यूजर्स को रिमोट सेंसिंग डेटा प्रदान करेगा।

    3.  कौन-कौन से उपग्रह भेजे गए?
    *  अमेजोनिया-1 को प्रक्षेपित किया गया।
    *  चार अन्य उपग्रह इन-स्पेस से हैं। इनमें से तीन भारतीय शैक्षणिक संस्थानों के संघ यूनिटीसैट्स से हैं।
    *  चौथी सैटेलाइट का नाम सतीश धवन सैटेलाइट है।
    *  14 सैटेलाइट्स न्यूस्पेस इंडिया लिमिटेड के हैं।

    4.  छात्रों ने कितने उपग्रह बनाए?
    *  छात्रों द्वारा निर्मित पांच उपग्रहों में से एसडी-सैट का उद्देश्य विकिरण का अध्ययन करना आदि है।
    *  युनिटीसैट विश्वविद्यालय द्वारा निर्मित एक उपग्रह है, जो रेडियो रिले सेवा प्रदान करने के लिए है।
    *  सिंधुनेत्र उपग्रह को बेंगलुरु स्थित पीईएस विश्वविद्यालय द्वारा विकसित किया गया है।इसका प्रयोग उपग्रह से चित्र प्राप्त कर संदिग्ध जहाजों की पहचान करने के लिए किया जाएगा।

    5.  मोदी की चित्र और श्रीमद्भगवद्गीता क्यों भेजी गई?
    इसरो द्वारा प्रक्षेपित 19 उपग्रहों में चेन्नई की स्पेस किड्स इंडिया का उपग्रह भी सम्मिलित है, जिस पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की चित्र उकेरी गई है। एसकेआई का सतीश धवन उपग्रह (एसडी-सैट) सुरक्षित डिजिटल कार्ड प्रारूप में श्रीमद्भगवद्गीता को भी अपने साथ लेकर गया है। इसके अलावा एसडी-सैट पर 25,000 नाम भी भेजे हैं।
    चेन्नई की स्पेस किड्स इंडिया (एसकेआई) ने कहा कि प्रधानमंत्री की आत्मनिर्भर पहल और अंतरिक्ष क्षेत्र के निजीकरण के लिए एकजुटता और आभार व्यक्त करने के लिए अंतरिक्ष यान के शीर्ष पैनल पर प्रधानमंत्री की चित्र उकेरी गई है। उन्होंने कहा कि श्रीमद्भगवद्गीता को भी अंतरिक्ष में भेजने का कारण है। उनके अनुसार, विश्व के अन्य अंतरिक्ष मिशन में अपनी पवित्र पुस्तकों को ले जाने का प्रचलन है।

    6.  इस मिशन की खास बात क्या है?
    *  637 किलोग्राम का अमेजोनिया-1 ब्राजील का पहली उपग्रह है जिसे भारत से प्रक्षेपित किया गया।
    *  44.4 मीटर लंबाई है भारत में बने पीएसएलवी-सी51 की।
    *  342 विदेशी उपग्रहों को अब तक इसरो ने प्रक्षेपित किया है।

    Recent Articles

    CoWIN goes global: 100+ nations show interest

    This is perhaps the first time any nation is making software developed by its public sector initiative open for the world. India...

    CCNA 200-301 Latest Syllabus

    NETWORK FUNDAMENTALSa) Explain the role and function of network componentsb) Describe characteristics of network topology architecturesc) Compare physical interface and cabling typesd)...

    ड्यूक ऑफ एडिनबर्ग (Prince Philip: Duke of Edinburgh)

    1.  प्रिंस फिलिफ कौन थे?वे ब्रिटेन की महारानी एलिजाबेथ द्वितीय के पति थे। उनका 9 अप्रैल, 2021 को विंडसर कैसेल में निधन...

    नागरिकता संशोधन अधिनियम Citizenship Amendment Act (CAA)

    वर्तमान में 5 राज्यों (पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, केरल, पांडिचेरी और असम) में चल रहे चुनावों के भाषणों, रैलियों आदि में CAA, NRC...

    गैरकानूनी गतिविधियां रोकथाम अधिनियम Unlawful Activities Prevention Act (UAPA)

    UAPA Act एक बार फिर चर्चाओं में आ गया है। हाल ही में किसान आंदोलन के अंतर्गत 26 जनवरी, 2021 को ट्रैक्टर...

    Related Stories

    Leave A Reply

    Please enter your comment!
    Please enter your name here

    Stay on top - Get the daily news in your inbox